उत्तराखण्ड जिसे देव भूमि के रूप में जाना जाता है, प्राकृतिक सौंदर्य, विविध प्रकार की ऊंची पर्वतीय चोटियों एवं प्रचुर जैव विविधता का धनी है| यहां लगभग 90 पर्वत शिखर पर्वतारोहण हेतु खुले हुए हैं । यह क्षेत्र उत्तर भारत की अनेक नदियों का शीर्ष जलागम क्षेत्र है और जैव विविधता का प्राकृतिक भण्डार है । पर्वतारोहण गतिविधियां एवं नाजुक हिमालयी पर्यावरण के बीच संतुलन बनाये रखना एक चुनौती है जिसके लिए कुछ दिशा निर्देश दिये जा रहे हैं :-
आवेदन हेतु प्रक्रिया
(अ) विदेशी नागरिकों द्वारा प्रस्तावः-
1. विदेशी नागरिकों द्वारा उत्तराखण्ड में पर्वतारोहण हेतु कोई भी प्रस्ताव, सर्वप्रथम भारतीय पर्वतारोहण प्रतिष्ठान (फाउण्डेशन) दिल्ली को प्रस्तुत किया जायेगा । भारतीय पर्वतारोहण प्रतिष्ठान (फाउण्डेशन) भारत सरकार से सबंधित मंत्रालय एवं मुख्य वन्य जीव प्रतिपालक, उत्तराखण्ड से अनुमति हेतु सम्बन्ध स्थापित करेगा । उत्तराखण्ड में पर्वतारोहण हेतु आवेदन, निर्धारित प्रपत्र पर समस्त वांछित संलग्नकों सहित पूर्ण कर भारतीय पर्वतारोहण प्रतिष्ठान (फाउण्डेशन) को प्रस्तुत किया जायेगा । तत्पश्चात् भारतीय पर्वतारोहण प्रतिष्ठान (फाउण्डेशन) उस प्रस्ताव को भारत सरकार के गृह मंत्रालय एवं रक्षा मंत्रालय को सन्दर्भित करने के साथ-साथ अनुमति हेतु उत्तराखण्ड सरकार को भी संदर्भित करेगा ।
2. विदेशी नागरिकों को पासपोर्ट एवं वीजा के साथ- साथ उत्तराखण्ड प्रदेश के उन क्षेत्रों का इनर लाइन परमिट लेना अनिवार्य होगा, जिस इनर लाइन क्षेत्र में वे जाना चाहते हैं ।
3. प्रदेश सरकार नन्दादेवी राष्ट्रीय पार्क से होकर गुजरता है, पर आरोहण की अनुमति नहीं देगी।
(ब) भारतीय नागरिकों द्वारा प्रस्ताव
1. भारतीय नागरिकों हेतु आवेदन पत्र भी भारतीय पर्वतारोहण प्रतिष्ठान (फाउण्डेशन) द्वारा ही प्रेषित किया जायेगा । पर्वतारोहण अभियान हेतु प्रस्तावों का निस्तारण एवं अनुमति की समस्त प्रक्रिया उसी प्रकार निस्तारित की जायेगी, जैसे विदेशी नागरिकों के प्रकरण में की जायेगी । भारतीय नागरिकों के प्रकरण में शुल्क एवं जमानत का स्वरूप अलग होगा ।
प्रदेश सरकार को सन्दर्भित करनाः-
अभियान दल की तरफ से भारतीय पर्वतारोहण प्रतिष्ठान (फाउण्डेशन) अभियान के प्रस्तावित अवधि के कम से कम चार सप्ताह पूर्व प्रदेश सरकार को प्रकरण को संदर्भित करेगा । उत्तराखण्ड सरकार द्वारा निम्नलिखित अधिकारी को इस हेतु नियुक्त किया गया है । प्रदेश सरकार से संबंधित समस्त प्रकरण निम्न पते पर भेजे जायेंगे :
प्रमुख वन संरक्षक वन्य जीव
नैनीताल
कैम्प - कार्यालय चन्द्रबनी
देहरादून उत्तराखण्ड